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भाजपा के लिए लोकसभा चुनाव जितना क्यों जरूरी है !

देश प्रगति की राह पर, इसे और गति देने के लिए  लोकसभा चुनाव संबंधी प्रदेश स्तरीय बैठक में वक्ताओं ने बताया चुनाव का महत्व भोपाल। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने हर मोर्चे पर तरक्की की है। हमारी सीमाएं सुरक्षित हैं और दुनिया में मां भारती का ... Read More »

एक दशक में मिल सकती है काला अजार के उपचार की नयी थेरेपी

उमाशंकर मिश्र Twitter handle : @usm_1984 अगले करीब एक दशक में काला अजार के प्रभावी उपचार के लिए एक नयी थेरेपी विकसित की जा सकती है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में शोध कर रहे वैज्ञानिकों ने काला अजार के इलाज लिए मौखिक दवा विकिसत करने से संबंधित घटकों के एक समृद्ध ... Read More »

सेक्युलरिज्म के नाम पर मूल्यहीनता स्थापित करने की चाल !

अर्चना पाण्डेय, उज्जैन नैतिकता का विभाजन, मूल्यों का विभाजन यहां तक की पीड़ा और दु:खों का भी विभाजन, यही लगता है कि हमारी मानसिकता विभाजन की बन चुकी है . विद्यालय वह पवित्र भूमि है जो अनगढ़ मनो को ज्ञान के प्रकाश से भर देते हैं .यदि इस धरती पर ... Read More »

झलकने लगा है स्वाभिमान के साथ राष्ट्र निर्माण का विश्वास

डा. रवीन्द्र अरजरिया स्वाधीनता के बाद देश में गणतंत्र लागू हुआ। तंत्र को सुव्यवस्थित करने के लिए गण के प्रतिनिधि बनकर संविधान सभा ने विश्व के ज्यादातर कानूनों का अध्ययन कर संविधान की रचना की। संविधान को लागू करने वाले दिन को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाने लगा। ... Read More »

भारतमाता पर देवबंद का फतवा !

डॉ. मयंक चतुर्वेदी प्रसिद्ध इस्लामिक शिक्षण संस्थान दारुल उलूम देवबंद द्वारा दिए गए हालिया फरमान को पढ़कर कई प्रश्‍न आज उठ खड़े हुए हैं। क्‍या देशभक्‍ति से ऊपर धर्म या पंथ भक्‍ति होनी चाहिए ? यह कैसा विरोधाभास है कि एक तरफ तो देशभक्‍ति के कसीदे गढ़ते हुए इस्‍लामिक स्‍कोलर्स ... Read More »

प्लास्टिक डायन से दूर ही रहें

राकेश दुबे उत्सवों के देश में बेतहाशा उत्सर्जित प्लास्टिक कचरा खतरनाक स्थितियों का आग़ाज  है। प्लास्टिक की बुरी लत कहीं हमें ख़त्म न कर दे ! उत्सवों का देश भारत अपने हर सरकारी और गैर सरकारी उत्सव में प्लास्टिक का भारी उपयोग कर रहा है। हर उत्सव की समाप्ति प्लास्टिक ... Read More »

क्यों देखें कंगना राणावत की फ़िल्म “मणिकर्णिका”!

शंकरलाल हरियाणी, इंदौर          सच कहें तो ‘महारानी झाँसी’ जैसे चरित्र को परदे पर उतारना बड़ा कठिन कार्य है। धन्यवाद के पात्र हैं वे लोग जिन्होंने यह फ़िल्म बनाने की सोची। देखी जानी चाहिए यह फ़िल्म, ताकि समझ सकें हम अपने इतिहास को… । मणिकर्णिका देखिये, ताकि ... Read More »

मदरसों में फैलाई जा रही है आतंक की विचारधारा : शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष वसीम रिजवी

उत्तर प्रदेश शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष वसीम रिजवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर देश में चल रहे मदरसों को बंद करने का अनुरोध किया है। रिजवी ने कहा है कि इन मदरसों में आतंकी संगठन (आईएसआईएस) की विचारधारा को प्रमोट किया जाता है, जिसका असर बच्चों पर ... Read More »

सिर्फ पढ़ाने भर से शिक्षक की ज़िम्मेदारी ख़त्म नहीं होती

डॉ. अंशुल उपाध्याय वास्तव में जीवन में एक अच्छे शिक्षक की भूमिका उतनी ही होती है,जितनी बच्चे के जीवन में उसके माँ बाप की होती है। शिक्षक अगर चाहे तो मूर्ख से मूर्ख बच्चे को भी बुद्धिमान बना सकता है। क्योंकि,बच्चे तो उस कोरी मिट्टी की तरह होते है जिन ... Read More »

वैज्ञानिकों ने बनाया कमल की पत्तियों से प्रेरित ईको-फेंडली मैटेरियल

उमाशंकर मिश्र Twitter handle : @usm_1984 प्रकृति से प्रेरणा लेकर वैज्ञानिक कई तरह की उपयोगी चीजों का निर्माण करते रहते हैं। भारतीय और स्विस वैज्ञानिकों ने कमल की पत्तियों से प्रेरित होकर जैविक रूप से अपघटित होने में सक्षम एक ऐसा मैटेरियल विकसित किया है, जिसकी सतह पर पानी नहीं ... Read More »